मुख्यमंत्री का ऐलान बिलासपुर से ताला गाँव तक चलेगी अब सिटी बस।

 

बिलासपुर बिल्हा मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज ताला मेला के उद्घाटन समारोह में 10,000 से अधिक जनता के बीच संबोधित करते हुए कहा कि पर्यटकों को ताला मंदिर आने के लिए बहुत ही जल्द सिटी बस का परिचालन शुरू कर दिया जाएगा। यह बस बिलासपुर से भोजपुरी मोड़ होते हुए ताला ग्राम से दगौरी तक चलाया जाएगा। ग्राम दगौरी एक औद्योगिक क्षेत्र होने के बावजूद बस की सुविधा नहीं हुआ जिसे अब पूरा किया जाएगा।
उन्होंने बिल्हा से 3 किलोमीटर दूर स्थित ग्राम देव किरारी में दुर्लभ प्रतिमा पर अवलोकन करते हुए यहां भी पर्यटकों के लिए सुविधा उपलब्ध कराने की जानकारी दी।
मुख्यमंत्री श्री बघेल एक घंटा 55 मिनट देरी से ताला मेला स्थल पर पहुंचे, दोपहर 12:00 बजकर 10 मिनट में पहुंचने वाले मुख्यमंत्री 1 बजकर 48 मिनट पर पौसरी हैलीपेड पर उतरकर कार द्वारा 1 बजकर 57 मिनट पर ताला मेन गेट पर पहुँचकर पैदल मनियारी नदी के किनारे में लगे मंच पर 2 बजकर 5 मिनट में पहुंचे। मुख्यमंत्री मंच पर 2 बजकर 18 में अपना भाषण देना शुरू किया तत्पश्चात 2 बजकर 46 मिनट में कार्यक्रम समापन कर बिलासपुर के व्यापार विहार में स्थित होटल आनंदा में आयोजित इंडियन मेडिकल एसोसिएशन के कार्यक्रम के लिए रवाना हो गए।

मंच का संचालक बिल्हा के युवा कांग्रेस नेता श्री प्रकाश विंदल, राजेन्द्र शुक्ला, विजय केसरवाणी आदि कार्यक्रम में उपस्थित रहे।

*मनोरंजन भी होता रहा*

जनताओं को मनोरंजन करने के लिए देव किरारी निवासी प्रसिद्ध छत्तीसगढ़ी गायक कलाकार शिवकुमार तिवारी का प्रोग्राम रखा गया था। मेला, मुख्यमंत्री का आना एवं शिवकुमार तिवारी के प्रोग्राम के चलते मंच के सामने दर्शकों के बैठने का व्यवस्था एवं जगह की कमी के वजह से हजारों लोग बाहर घूमते रहे।

*सुरक्षा के बावजूद मुख्यमंत्री के काफिले के सामने दो कुत्ते*

सुरक्षा की दृष्टि से बिल्हा थाना के पुलिस बल के अलावा रिजर्व पुलिसकर्मी भी ड्यूटी में तैनात रहे, महिला पुलिस बल भी मौके पर मौजूद थे। मुख्यमंत्री पहुंचने के 10 मिनट पहले कलेक्टर डॉ संजय अलंग, अर्चना झा एवं बिल्हा एसडीएम आखिलेश साहु स्थिति का जायजा लिया। इतने सुरक्षा के बावजूद मुख्यमंत्री के काफिले के सामने दो कुत्ते आ गए जिसे तुरंत पुलिस वालों ने भगाया।

*पशु चिकित्सा विभाग द्वारा पशुओं का प्रदर्शन किया गया*

कार्यक्रम स्थल के बाहर पशुओं का प्रदर्शन किया गया भी किया गया है जिसमें देसी मुर्गी बकरा गाय भैंसी आदि शामिल थे। बकरा प्रदर्शक मुढ़ीपार निवासी बाबा नामक व्यक्ति ने 24 किलो से ज्यादा वजनी बकरा का प्रदर्शन किया जिसका कीमत 15 हजार रुपये बताया। मुरकुटा और धौराभाठा निवासी किसानों ने 16 – 16 लीटर दूध देने वाले विशाल भैंसी का प्रदर्शन किया, इस भैसों की कीमत 1 – 1 लाख रुपये बताई गई है। इसके अलावा किसानों के लिए सिंचाई और उन्नत कृषि के विकास के लिए आसान उपाय भी यहां दर्शाया गया है।

vandana