बाल श्रमिक रखने के बदले मांगे दस हजार दागदार कर्मचारी कर रहा आवेदन पत्रों की चटनी…?

बाल श्रमिक रखने के बदले मांगे दस हजार

दागदार कर्मचारी कर रहा आवेदन पत्रों की चटनी
बिलासपुर:- महिला बाल विकास विभाग में आउटरीच वर्कर के खिलाफ बाल श्रमिक मामले में भयादोहन की शिकायत सामने आई है। शिकायतकर्ता सत्य पद नायक के अनुसार वह बुधवारी बाजार में चौमिन सेंटर चलाता है वहां पर महिला बाल विकास विभाग के 2 कर्मचारी ललित केवट व विकास सिंह व आए और दुकान पर बाल श्रमिक होने की बात की तथा कार्यवाही न करने के एवज में 10 हजार रुपए की मांग की शिकायतकर्ता ने यह भी कहा कि उसकी दुकान में उसका भतीजा कामकाज में सहयोग करता है किंतु अब उसे हटा दिया गया है पर उक्त दोनों कर्मचारी बार-बार पैसे की मांग करते हैं आज शिकायतकर्ता को बयान के लिए बुलाया गया था किंतु आज ही के दिन विभाग का एक ट्रेनिंग प्रोग्राम होटल रीगल में था अतः शिकायतकर्ता​ तू आया किंतु उसका बयान नहीं हो पाया।
           बाल श्रमिकों के सर्वे का पूरा मामला भारी घोटाले से भरा पड़ा है क्योंकि बाल श्रमिकों को छुड़ाने वाली योजना को बंद हुए कई वर्ष बीत गए और अब बाल श्रमिक को खोज महिला बाल विकास और श्रम विभाग के पास जो कभी-कभी सर्वे और रेस्क्यू का काम करती है किंतु इस काम के बंद होने के बाद भी यहां के प्रति कर्मचारी रेस्क्यू की आड़ में अपना जेब भरते हैं चाऊमीन सेंटर बुधवारी बाजार के अतिरिक्त दर्जनों स्थान पर बाल श्रमिक काम कर रहे जो दुकान मालिक के भतीजे या भांजे ही हैं क्योंकि बाल श्रम परियोजना अब समाप्त हुई तो कारण यही बताया गया कि जिला में बाल श्रमिक नहीं है इस मामले में अधिकारी बयान देने उपलब्ध नहीं थे।
           दागदार कर्मचारी को दिया गया छटनी का काम
आउटरीच वर्कर के रूप के काम करने वाला केवट आज सुरक्षा गार्डों​ के आवेदन पत्र छाट रहा था इसी कर्मचारी पर 10 हजार रुपए के भाया दोहन का आरोप है सुरक्षा गार्ड की भर्ती का मामला लगभग 6 माह पुराना है विभाग से एक विज्ञापन जारी हुआ था जिसमें उसने रसोईया, सुरक्षा गार्डों की संविदा नियुक्ति का विज्ञापन निकाला था इसमें कोरियर की आड़ में कमीशन खोरी हुई थी आज एक दागदार कर्मचारी आवेदन पत्रों की छंटनी कर रहा था यह अपने आप में संदेह पैदा करता है।
vandana