बिलासपुर-पोर्टल पत्रकार करता है जेल सेटिंग का दावा

पोर्टल पत्रकार करता है जेल सेटिंग का दावा

 किसे क्या चाहिए इनसे मिलो
बिलासपुर :- जेल जाने के पूर्व अभियुक्त यह कोशिश करता है कि अंदर उसके अनुकूल कुछ विशेष सुविधा उपलब्ध हो जाएं जिनका काम ही अंदर आना जाना है उन्हें यह तो अच्छे से पता होता है कि अंदर किस-किस से कैसी कैसी मुलाकात और मुकालात होती है  जो पहली बार जेल यात्रा करते हैं  वे अंदर सुविधा कैसे मिलेगी  की विशेष प्रयास भी करते हैं इन दिनों बिलासपुर में एक बोतल वाले पत्रकार इस बात का दावा करते नहीं थकते की सेंट्रल जेल बिलासपुर के भीतर वे जैसे चाहे वैसे मदद दिला सकते हैं इतना ही नहीं उनका यह दावा संभाग के तीन अन्य जेल के बारे में भी हैं कुछ ऐसा ही दावा और व्यवसाय जेल में बनने वाली कमेटी का एक सदस्य भाजपा शासनकाल में करता था और गुप्त भोगियों ने बातचीत में माना कि वह समिति सदस्य जो भाजपा का नेता भी है कैदी मुलाकात के एवज में निश्चित रकम लेता था और यह रकम 4 अंकों में होती थी कुछ लोग तो यह भी दावा करते हैं कि जेल  से अदालत ले जाते समय किस सिपाही की ड्यूटी लगेगी यह भी सेटिंग का खेल है और वह ऐसी सेटिंग करते थे ऐसा दावा रखने वाला भी इन दिनों खासा सक्रिय है इन लोगों की सेटिंग तब बिगड़ी जब एक महिला कांग्रेस नेत्री का सरकारी कर्मचारी पति जेल गया और लाख प्रयास के बाद भी सेटिंग बाज कई धरे के धरे रह गए और वर्तमान में पोर्टल बाबा बढ़-चढ़कर जेल सेटिंग का दावा करते हैं और बताते हैं कि सिम्स प्रबंधन में भी उनका अच्छा खासा दखल है जिसके तहत खबरों को प्रायोजित करना भी शामिल है हालांकि दोनों संस्थानों के उच्च  पदाधिकारी ऐसी किसी भी सेटिंग से इनकार करते हैं।
vandana